Investing
शेअर्स बाजार में प्रवेश और दलाल का चयन
नमस्कार दोस्तो मैं प्रेमगेन्द्रे अपने इस ब्लॉग में शेअर्स बाजार की इंवेशटिंग का दलाल का चयन किस प्रकार से करना चाहिए इस विषय मे पूरी जानकारी दिया हु जिसे अपनाकर आप अपने इंवेशटिंग का ज्ञान को बड़ा सकते है।
( How To Enter The Stock Market & Broker Selection )
शेअर बाजार में ट्रेडिंग करके बड़ी कमाई करनेवाले आपके आस-पास के कई लोगो को आप जानते होंगे। उनकी तरह आपको भी शेअर बाजार में ट्रेडिंग करके अपना नशीब आजमाना होगा।मगर उसकी शुरुवात कैसे करनी चाहिए यह आपको पता नही है। तो फिर यह पाठ आपके लिए ही है
इस पाठ में दलाल का चुनाव कैसे करे और ट्रेडिंग अकॉउंट किस तरह से खोलना चाहिए यह सभी जानकारी दी गई है।
नमस्कार दोस्तो मैं प्रेमगेन्द्रे अपने इस ब्लॉग में शेअर्स बाजार की इंवेशटिंग का दलाल का चयन किस प्रकार से करना चाहिए इस विषय मे पूरी जानकारी दिया हु जिसे अपनाकर आप अपने इंवेशटिंग का ज्ञान को बड़ा सकते है।
( How To Enter The Stock Market & Broker Selection )
शेअर बाजार में ट्रेडिंग करके बड़ी कमाई करनेवाले आपके आस-पास के कई लोगो को आप जानते होंगे। उनकी तरह आपको भी शेअर बाजार में ट्रेडिंग करके अपना नशीब आजमाना होगा।मगर उसकी शुरुवात कैसे करनी चाहिए यह आपको पता नही है। तो फिर यह पाठ आपके लिए ही है
इस पाठ में दलाल का चुनाव कैसे करे और ट्रेडिंग अकॉउंट किस तरह से खोलना चाहिए यह सभी जानकारी दी गई है।
डीमेट अकॉउंट खोलने की जानकारी
( Demat Acount Opening ):
डीमेट अकॉउंट द्वारा डिमटेरिअलाइज स्वरूप में शेअर्स और अन्य सिक्योरिटीज जमा या उधार कर सकते है। आप बैंक में जिस तरह से खाता खोलते है उस तरह से डीमेट अकॉउंट भी खोल सकते है। आपको पैसों की बचत करनी हो या बैंक अकाउंट में से किसी का पेमेंट करना हो तो उसके लिए खाता खोलना जरूरी है। उसी तरह से आपको अगर शेअर्स की खरीदी और बिक्री करनी हो तो आपको डीमेट अकॉउंट खोलना आवश्यक है।
डिमैट अकॉउंट खोलने केलिए आपको डिपॉज़िट पार्टिसिपेंट्स को सम्पर्क करना पड़ता है।डीपी,बैंक के किसी शाखा की तरह से ही चलते है। बैंक की पासबुक और स्टेटमेंट की तरह डीपी में भी समय-समय पर आपके शेअर्स का स्टेटमेंट मिलते रहता है।उसी तरह से आपके खाते के जरिये होने वाले लेनदेन की भी उसमे जानकारी होती है। एकबार आप डीपी में पहुच गए तो फिर डीमेट अकॉउंट खोलने के लिए आपको जरूरी मार्गदर्शन भी मिलता है। आपको डीमेट अकॉउंट खोलने के लिए एक फॉर्म भरना पड़ता है और साथ ही डीपी के साथ एक करार भी करना पड़ता है। डीपी चलनेवाले आपकी पहचान और पते के सबूत के लिए कई दस्तावेज मांगते है।
डीमेट अकॉउंट खोलने के लिए आवश्यक सभी दस्तावेजो की लिस्ट आगे दी गई है।
(१)*.... परमनेन्ट अकॉउंट नम्बर ( पेन कॉर्ड) यह अब आवश्यक है।
(२)*.... बैंक द्वारा प्रमाणित किया गया बैंक खाते का सबूत।
(३)*... बिजलिबिल का बिल या लैंड लाइन टेलीफोन का बिल।
(४)*... नीचे दिए दस्तावेजो में से कोई भी एक फोटो आईडी।
( Demat Acount Opening ):
डीमेट अकॉउंट द्वारा डिमटेरिअलाइज स्वरूप में शेअर्स और अन्य सिक्योरिटीज जमा या उधार कर सकते है। आप बैंक में जिस तरह से खाता खोलते है उस तरह से डीमेट अकॉउंट भी खोल सकते है। आपको पैसों की बचत करनी हो या बैंक अकाउंट में से किसी का पेमेंट करना हो तो उसके लिए खाता खोलना जरूरी है। उसी तरह से आपको अगर शेअर्स की खरीदी और बिक्री करनी हो तो आपको डीमेट अकॉउंट खोलना आवश्यक है।
डिमैट अकॉउंट खोलने केलिए आपको डिपॉज़िट पार्टिसिपेंट्स को सम्पर्क करना पड़ता है।डीपी,बैंक के किसी शाखा की तरह से ही चलते है। बैंक की पासबुक और स्टेटमेंट की तरह डीपी में भी समय-समय पर आपके शेअर्स का स्टेटमेंट मिलते रहता है।उसी तरह से आपके खाते के जरिये होने वाले लेनदेन की भी उसमे जानकारी होती है। एकबार आप डीपी में पहुच गए तो फिर डीमेट अकॉउंट खोलने के लिए आपको जरूरी मार्गदर्शन भी मिलता है। आपको डीमेट अकॉउंट खोलने के लिए एक फॉर्म भरना पड़ता है और साथ ही डीपी के साथ एक करार भी करना पड़ता है। डीपी चलनेवाले आपकी पहचान और पते के सबूत के लिए कई दस्तावेज मांगते है।
डीमेट अकॉउंट खोलने के लिए आवश्यक सभी दस्तावेजो की लिस्ट आगे दी गई है।
(१)*.... परमनेन्ट अकॉउंट नम्बर ( पेन कॉर्ड) यह अब आवश्यक है।
(२)*.... बैंक द्वारा प्रमाणित किया गया बैंक खाते का सबूत।
(३)*... बिजलिबिल का बिल या लैंड लाइन टेलीफोन का बिल।
(४)*... नीचे दिए दस्तावेजो में से कोई भी एक फोटो आईडी।
पासपोर्ट,ड्राइविंग लाइसेंस,मतदाता पहचान पत्र, आधार कार्ड
इन सभी दस्तावेजो में से कुछ की झेराक्स कॉपी भदैनी पड़ती है। ओरिजनल दस्तावेजो की जरूरत व्हेरीफिकेशन के समय होती है। इस के साथ आपका पासपोर्ट साइज का एक फोटो भी देना पड़ता है। इस फोटो पर आरपार जायगा ऐसा हस्ताक्षर करके देना पड़ता है।
इन सभी दस्तावेजो में से कुछ की झेराक्स कॉपी भदैनी पड़ती है। ओरिजनल दस्तावेजो की जरूरत व्हेरीफिकेशन के समय होती है। इस के साथ आपका पासपोर्ट साइज का एक फोटो भी देना पड़ता है। इस फोटो पर आरपार जायगा ऐसा हस्ताक्षर करके देना पड़ता है।
नोट:-//
(१)*.... आपके जिस डीपी में खाता खोला है वहाँ से डिलीवरी इंस्ट्रक्शन बुक लेना पड़ता है। आपको किसी शेअर्स की बिक्री करने करने के बाद यह स्लिप भरके वह आपके डीपी के पास देनी पड़ती है यह स्लिप भर के देने के बाद आपकी सूचना के अनुसार आपके डीमेट अकॉउंट में से आपके शेअर्स दूसरे दिन आपके दलाल के खाते में जमा कर दिए जाते है। ऐसी जानकारी देने में आप असफल हुए तो आपके बेचे हुए शेअर्स का एक्सचेंज द्वारा ऑक्शन किया जाता है इसके लिए आपको बहुत बड़ा जुर्माना भी भरना पड़ता है। ऐसी गलती के कारण शेअर बाजार में कमाई करने के बदले आपका नुकसान भी हो सकता है।
(२)*... डे ट्रेडिंग में आपने खड़ी की पोजिशन उसी दिन में बंद करनी पड़ती है।इसलिए डीमेट अकॉउंट का उपयोग नही होता है। मगर ब्रोकर के पास ट्रेडिंग अकॉउंट खोलने के लिए आपको किसी भी डीपी के पास अकॉउंट खोलना पड़ता है।
(२)*... डे ट्रेडिंग में आपने खड़ी की पोजिशन उसी दिन में बंद करनी पड़ती है।इसलिए डीमेट अकॉउंट का उपयोग नही होता है। मगर ब्रोकर के पास ट्रेडिंग अकॉउंट खोलने के लिए आपको किसी भी डीपी के पास अकॉउंट खोलना पड़ता है।
ब्रोकर के पास ट्रेडिंग अकॉउंट खोलना
( Opening Trading Account with Broke. स्टॉक ब्रोकर निवेशक और स्टॉक मार्केट के मध्यस्था का काम करते है। इस बाजार में शेअर्स का लेनदेन शेअर दलाल (ब्रोकर) के जरिये होता है। शेअर दलाल की मदद के बिना आप शेअर्स खरीद और बेच नही सकते। आप किसी भी सेबी द्वारा रजिस्टर हुए ब्रोकर के पास आपका ट्रेडिंग अकॉउंट खोल सकते है। डीमेट अकॉउंट खोलने केलिए जिन दस्तावेजो की जरूरत होती है उन्ही की जरूरत खाता खोलने के लिए होती है। उसी तरह से डीमेट अकॉउंट होने की भी जरूरत होती है।
बड़े ब्रोकिंग हाउस अब आपको ऑनलाइन शेअर्स की खरीदी और बिक्री की अनुमति देते है।उसके लिए आपके पास मात्र अच्छा इंटरनेट कनेक्शन होना चाहिए। इंटरनेट की मदद से आपको चाहिए वैसा ट्रेडिंग के लिए सॉफ्टवेर डाउनलोड या इंस्टॉल कर सकते है। ऐसा करने से आप स्वंय अपने कंप्यूटर के सामने बैठकर शेअर बाजार में खरीदी या बिक्री कर सकते है।
शेअर ब्रोकर को मिलकर शेअर्स की खरीदी या बिक्री करनी हो या फिर टेलीफोन पर आर्डर प्लेस करना हो तो ऐसे व्यक्ति को ऑनलाइन ब्रोकर के पास रजिस्ट्रेशन कर लेना चाहिए।अगर आपको स्वयं को डे ट्रेडिंग करना हो तो आप ऑनलाइन ट्रेडिंग करने के विकल्प का अवलंब कर सकते है ऐसा हमारा व्यक्तिगत मत है।
डे ट्रेडिंग करने वालों को ऐसे ब्रोकर का चयन करना चाहिए कि जो आपके ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों प्रकार की सेवा उपलब्ध कराके दे सकता हो। किसी भी समय अगर पावर गया तो आप अपने ब्रोकर को फोन करके उसकी मदद से अपना आर्डर बुक कर सकते है।
( Opening Trading Account with Broke. स्टॉक ब्रोकर निवेशक और स्टॉक मार्केट के मध्यस्था का काम करते है। इस बाजार में शेअर्स का लेनदेन शेअर दलाल (ब्रोकर) के जरिये होता है। शेअर दलाल की मदद के बिना आप शेअर्स खरीद और बेच नही सकते। आप किसी भी सेबी द्वारा रजिस्टर हुए ब्रोकर के पास आपका ट्रेडिंग अकॉउंट खोल सकते है। डीमेट अकॉउंट खोलने केलिए जिन दस्तावेजो की जरूरत होती है उन्ही की जरूरत खाता खोलने के लिए होती है। उसी तरह से डीमेट अकॉउंट होने की भी जरूरत होती है।
बड़े ब्रोकिंग हाउस अब आपको ऑनलाइन शेअर्स की खरीदी और बिक्री की अनुमति देते है।उसके लिए आपके पास मात्र अच्छा इंटरनेट कनेक्शन होना चाहिए। इंटरनेट की मदद से आपको चाहिए वैसा ट्रेडिंग के लिए सॉफ्टवेर डाउनलोड या इंस्टॉल कर सकते है। ऐसा करने से आप स्वंय अपने कंप्यूटर के सामने बैठकर शेअर बाजार में खरीदी या बिक्री कर सकते है।
शेअर ब्रोकर को मिलकर शेअर्स की खरीदी या बिक्री करनी हो या फिर टेलीफोन पर आर्डर प्लेस करना हो तो ऐसे व्यक्ति को ऑनलाइन ब्रोकर के पास रजिस्ट्रेशन कर लेना चाहिए।अगर आपको स्वयं को डे ट्रेडिंग करना हो तो आप ऑनलाइन ट्रेडिंग करने के विकल्प का अवलंब कर सकते है ऐसा हमारा व्यक्तिगत मत है।
डे ट्रेडिंग करने वालों को ऐसे ब्रोकर का चयन करना चाहिए कि जो आपके ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों प्रकार की सेवा उपलब्ध कराके दे सकता हो। किसी भी समय अगर पावर गया तो आप अपने ब्रोकर को फोन करके उसकी मदद से अपना आर्डर बुक कर सकते है।
ब्रोकर का चुनाव करते समय नीचे दी बातें ध्यान में रखिए
(Points to be Considered for Selection of Broker ):
(१)*.. आपके घर के पास हो ऐसे ब्रोकर का चुनाव कीजिए।
(२)*... सेबी में रजिस्टर हुए ब्रोकर का चुनाव कीजिए।
(३)*... ब्रोकर कौन-कौन सी सेवाएं दे सकता है यह देखिए ( bse, nse, fdo, )कमोडिटी आदि
(४)*...ब्रोकरेज रेट
(५)*.... खरीदी या बिक्री का ऑर्डर उनके जरिए देना यह कितना आसान है वह देखना ( ऑनलाइन ट्रेडिंग अथवा टेलीफोन पर ट्रेडिंग दोनों सुविधा हो तो उत्तम होगा)
(Points to be Considered for Selection of Broker ):
(१)*.. आपके घर के पास हो ऐसे ब्रोकर का चुनाव कीजिए।
(२)*... सेबी में रजिस्टर हुए ब्रोकर का चुनाव कीजिए।
(३)*... ब्रोकर कौन-कौन सी सेवाएं दे सकता है यह देखिए ( bse, nse, fdo, )कमोडिटी आदि
(४)*...ब्रोकरेज रेट
(५)*.... खरीदी या बिक्री का ऑर्डर उनके जरिए देना यह कितना आसान है वह देखना ( ऑनलाइन ट्रेडिंग अथवा टेलीफोन पर ट्रेडिंग दोनों सुविधा हो तो उत्तम होगा)
ट्रेडिंग अकॉउंट खोलना
(Opening of Trading Account):
ब्रोकर के पास ट्रेडिंग एकाउंट खोलने के लिए उनकी माँग के अनुसार कई दस्तावेज आपको देने पड़ते है। इन दस्तावेजो में आपका पहचान पत्र और घर का पता इसका भी समावेष होता है।
ट्रेडिंग अकॉउंट खोलने के लिए आवश्यक सभी दस्तावेजो की लिस्ट नीचे दी गईं है।
(१)*...परमानेंट अकॉउंट नम्बर ( पेन कॉर्ड) यह अब आवश्यक हुआ है
(२)*... बैंक द्वारा प्रमाणित किया गया बैंक खाते का सबूत
(३)*... बिजली का बिल या लैंडलाइन तेलीफोन का बिल
(४*).... राशन कार्ड
(५)*... नीचे दिए दस्तावेजो में से किसी एक का फोटो आयडी
पासपोर्ट
ड्रायविंग लाइसेंस
मतदाता पहचान पत्र
आधार कार्ड
इन सभी दस्तावेजो में से कुछ की झेराक्स भी कॉपी देनी पड़ती है। ओरिजनल दस्ता वेजो की व्हेरीफिकेशन के समय जरूरत होती है। इस के साथ आपका पासपोर्ट साइज का एक फोटो भी देना पड़ता है। इस फोटो पर आरपार जाएगा ऐसा हस्ताक्षर करके देना पड़ता हैं।
(Opening of Trading Account):
ब्रोकर के पास ट्रेडिंग एकाउंट खोलने के लिए उनकी माँग के अनुसार कई दस्तावेज आपको देने पड़ते है। इन दस्तावेजो में आपका पहचान पत्र और घर का पता इसका भी समावेष होता है।
ट्रेडिंग अकॉउंट खोलने के लिए आवश्यक सभी दस्तावेजो की लिस्ट नीचे दी गईं है।
(१)*...परमानेंट अकॉउंट नम्बर ( पेन कॉर्ड) यह अब आवश्यक हुआ है
(२)*... बैंक द्वारा प्रमाणित किया गया बैंक खाते का सबूत
(३)*... बिजली का बिल या लैंडलाइन तेलीफोन का बिल
(४*).... राशन कार्ड
(५)*... नीचे दिए दस्तावेजो में से किसी एक का फोटो आयडी
पासपोर्ट
ड्रायविंग लाइसेंस
मतदाता पहचान पत्र
आधार कार्ड
इन सभी दस्तावेजो में से कुछ की झेराक्स भी कॉपी देनी पड़ती है। ओरिजनल दस्ता वेजो की व्हेरीफिकेशन के समय जरूरत होती है। इस के साथ आपका पासपोर्ट साइज का एक फोटो भी देना पड़ता है। इस फोटो पर आरपार जाएगा ऐसा हस्ताक्षर करके देना पड़ता हैं।
ऑनलाइन ट्रेडिंग सिस्टम के दो प्रकार
(Two Types of Online Trading Environments):
(Two Types of Online Trading Environments):
(१)* . साफ्टवेयर पर आधारित ट्रेडिंग टर्मिनल
(Software Based Stock Trading Terminal):
(Software Based Stock Trading Terminal):
सॉफ्टवेअर पर आधारित ट्रेडिंग टर्मिनल केलिए आपके कंप्यूटर में ट्रेडिंग सॉफ्टवेअर डाउनलोड और इंस्टॉल करना आवश्यक होता है। यह सॉफ्टवेअर ब्रोकर देता है। यह सॉफ्टवेअर चल सके इसके लिए हाईस्पीड इंटरनेट कनेक्शन की आवश्यकता होती है। आपका डे ट्रेडिंग व्हाल्युम अधिक हो तो ही ब्रोकर आपके लिए ट्रेडिंग टर्मिनल उपलब्ध कराके देता है।
फायदा ( Advantages):
(१)*... आपका ऑर्डर ब्रोकर टर्मिनल में नही बल्कि सीधे स्टॉक एक्सचेंज में जाति है और आपके ऑर्डर पर अमल जल्दी होता है।
(२)*... ट्रेडर्स को चाहिए वह सभी जानकारी ट्रेडिंग टर्मिनल के एक ही स्क्रीन पर उपलब्ध होती है। यह टर्मिनल स्क्रीन पर स्टॉक मार्केट का चार्ट,लेनदेन के आँकड़े, चेतावनी और साथ ही शेअर बाजार से संबंधित खबरे भी दिखता है।
(२)*... ट्रेडर्स को चाहिए वह सभी जानकारी ट्रेडिंग टर्मिनल के एक ही स्क्रीन पर उपलब्ध होती है। यह टर्मिनल स्क्रीन पर स्टॉक मार्केट का चार्ट,लेनदेन के आँकड़े, चेतावनी और साथ ही शेअर बाजार से संबंधित खबरे भी दिखता है।
नुकसान ( Disadvantages):
)*... स्थल की मर्यादा, आपने जहाँ पर कंप्यूटर रखा है और उसमें ट्रेडिंग के लिए जरूरी सॉफ्टवेअर इंस्टॉल किया है उस वक्त आप वहां नही हो तो ट्रेडिंग करना असंभव होता है।
*... इसके लिए हायस्पीड इंटरनेट कनेक्शन की जरूरत होती है।
*... शेअर्स का वेल्युम बहुत कम है ऐसे ट्रेडिंग करनेवालो केलिए टर्मिनल उपलब्ध नही होता है।
*... इसके लिए हायस्पीड इंटरनेट कनेक्शन की जरूरत होती है।
*... शेअर्स का वेल्युम बहुत कम है ऐसे ट्रेडिंग करनेवालो केलिए टर्मिनल उपलब्ध नही होता है।
(२)**... इन्टरनेट पर आधारित ट्रेडिंग के लिए एप्लिकेशन
(Internet Based Trading Application):
इस प्रकार के ट्रेडिंग के माहौल में कोई भी सॉफ्टवेयर इंस्टॉल करने की जरूरत नही होती है। आप वेबसाइटे पर जाकर ट्रेडिंग कर सकते है। वह वेबसाइटे साधारण रूप से इंटरनेट कनेक्शन द्वारा दुनिया के किसी भी कोने में से खोली जा सकती है। डे ट्रेडिंग केलिए यह सिस्टम योग्य नही पर जिस आफिस में सॉफ्टवेयर पर आधारित ट्रेडिंग टर्मिनल ब्लॉक है वहाँ पर ट्रेडिंग का यही एक मार्ग ही उपलब्ध होता है।
(Internet Based Trading Application):
इस प्रकार के ट्रेडिंग के माहौल में कोई भी सॉफ्टवेयर इंस्टॉल करने की जरूरत नही होती है। आप वेबसाइटे पर जाकर ट्रेडिंग कर सकते है। वह वेबसाइटे साधारण रूप से इंटरनेट कनेक्शन द्वारा दुनिया के किसी भी कोने में से खोली जा सकती है। डे ट्रेडिंग केलिए यह सिस्टम योग्य नही पर जिस आफिस में सॉफ्टवेयर पर आधारित ट्रेडिंग टर्मिनल ब्लॉक है वहाँ पर ट्रेडिंग का यही एक मार्ग ही उपलब्ध होता है।
फायदा। ( Advantages):
#*... ब्रोकर आफिस में गए बिनआप ट्रेडिंग कर सकते है।
#*...बाजार में फिरहाल जो स्थिति है वह देखने को मिलती है।उसके साथ ही ऐतिहासिक डेटा और ग्राफ भी देखने को मिलते है।
#*...आपको पब्लिक इश्यू,म्युचल फण्ड और बांड में निवेश करने केलिए भी वह मदद करते है।
#*...आप अपने ट्रेडिंग का इतिहास चेक कर सकते है साथ ही किसी भी समय डीमेट अकॉउंट का और बैंक अकॉउंट का बैलेंस भी चेक कर सकते है।
#*... मार्केट वॉच,ग्राफ और स्टॉक का विश्लेषण करने केलिए ऑनलाइन मध्यस्था उपलब्ध कराते है।
#*... शेअर्स की खरीदी और बिक्री करने केलिए ऑफलाइन ऑर्डर भी आप दे सकते है।
#*... शेअर बाजार में कोई भी माहौल तैयार हो तो उसकी आपको कल्पना देने के लिए एस एम एस (sms) और ई मेल (email) द्वारा अलर्ट किया जाता है।
#*... ईमेल या चटिंग के जरिए कस्टमर सर्विस भी आप पा सकते है।
#*... सम्पूर्ण सुरक्षा के साथ लेन-देन कर सकते है।
#*... ब्रोकर आफिस में गए बिनआप ट्रेडिंग कर सकते है।
#*...बाजार में फिरहाल जो स्थिति है वह देखने को मिलती है।उसके साथ ही ऐतिहासिक डेटा और ग्राफ भी देखने को मिलते है।
#*...आपको पब्लिक इश्यू,म्युचल फण्ड और बांड में निवेश करने केलिए भी वह मदद करते है।
#*...आप अपने ट्रेडिंग का इतिहास चेक कर सकते है साथ ही किसी भी समय डीमेट अकॉउंट का और बैंक अकॉउंट का बैलेंस भी चेक कर सकते है।
#*... मार्केट वॉच,ग्राफ और स्टॉक का विश्लेषण करने केलिए ऑनलाइन मध्यस्था उपलब्ध कराते है।
#*... शेअर्स की खरीदी और बिक्री करने केलिए ऑफलाइन ऑर्डर भी आप दे सकते है।
#*... शेअर बाजार में कोई भी माहौल तैयार हो तो उसकी आपको कल्पना देने के लिए एस एम एस (sms) और ई मेल (email) द्वारा अलर्ट किया जाता है।
#*... ईमेल या चटिंग के जरिए कस्टमर सर्विस भी आप पा सकते है।
#*... सम्पूर्ण सुरक्षा के साथ लेन-देन कर सकते है।
नुकसान ( Disadvantages):
#*...वेबसाइटे के स्पीड की समस्या के कारण कई बार वेबसाइट बहुत ही धीमी गति से खुलती है। इसलिए आप ट्रेडिंग नही कर सकते।
#*...कंप्यूटर और इंटरनेट की जानकारी ना होनेवालों को यह सीखना एक जटिल प्रक्रिया लगती है।
#*... इसमे दलाली की दर थोड़ा अधिक होता है।
#*...कंप्यूटर और इंटरनेट की जानकारी ना होनेवालों को यह सीखना एक जटिल प्रक्रिया लगती है।
#*... इसमे दलाली की दर थोड़ा अधिक होता है।
ऑनलाइन ब्रोकिंग सेवा उपलब्ध कराके देनेवाले कुछ बड़े ब्रोकर की सूची दी है
( List of major online Brokers):
१)...Icici Direct
2)... Share khan
3).. india bulla
4).. 5paisa
5).. Motilal ideal securities
6)... Hdfc securities
7).. Reliance money
8)... Idbi paisa builder
9).. relocate
10)... Grihit
11)... Network stock bricking limited (bsnl)
12).. kotak securities
13)..uti securities ltd ( utisel)
14)...Angel trade
15)..zerodha
Etc to share market online broker offline broking sirf so thanks
( List of major online Brokers):
१)...Icici Direct
2)... Share khan
3).. india bulla
4).. 5paisa
5).. Motilal ideal securities
6)... Hdfc securities
7).. Reliance money
8)... Idbi paisa builder
9).. relocate
10)... Grihit
11)... Network stock bricking limited (bsnl)
12).. kotak securities
13)..uti securities ltd ( utisel)
14)...Angel trade
15)..zerodha
Etc to share market online broker offline broking sirf so thanks


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