Success tips
नमस्कार दोस्तो मैं प्रेमगेन्द्रे अपने ब्लॉग में 30 दिन में शेयर मार्केट में आपको महान इन्वेस्टर बना देगा इसमें महत्वपूर्ण गोल्डन रूल्स इसे आप अपने इन्वेस्ट में लागू करे धन्यवाद आपका दिन शुभ हो मंगलमय हो
30 days for invester bigginer investing
5th-days://
वित्तीय समाचारो की व्याख्या
वित्तीय समाचारो की व्याख्या करने का हमारा तरीका,हमारे शानदार निवेश और बड़े नुकसानों के बीच का अंतर हो सकता है। निवेश से संबंधित समाचार दिन में 24 घण्टे या सप्ताह के 7 दिन या 365 दिनों नही आते रहते। 24 घण्टे के समाचार के आधार पर निवेश करना ऐसे ही है,जैसे 20 किलोमीटर की मैराथन में दौड़ना। यदि आप मैराथन में तेज शुरुआत करते है तो पूरी संभावना है कि आप मैराथन पूरी नही कर पाएंगे।
आप इस भ्रम में न रहे कि 24 घण्टे चलने वाले ये वित्तीय चैनल,24 घण्टे उत्तेजना पैदा करते रहेंगे। वे न सिर्फ कुछ समाचार देने या उस पर बातचीत करने का कार्य करते है,बल्कि उत्तेजना उतपन्न करने की ओर भी उनका ध्यान रहता है
शेयर बाजार निवेशक के लिए इनमे अधिकतर तो शोर-गुल ही होता है। उदाहरण के लिए,तिमाही परिणाम,नये ऑर्डर, प्रबंधन के साक्षात्कारो और आर्थिक आंकड़ो का निवेश के लिए कोई ज्यादा महत्व नही है। इससे भी अधिक खतरनाक यह बात है कि शेयर बाजार पर महत्वपूर्ण प्रभाव डालने वाले समाचारो को भी, वित्तीय चैनलो द्वारा उतना ही महत्व दिया जाता है,जिससे आप भ्रमित हो सकते है क्योंकि इसी पर आपका शेयर खरीदना या बेचना निर्भर करता है। वित्तीय चैनलो के व्यवसाय में उच्चस्तरीय प्रतिस्पर्धा के चलते,चैनलो को सी,ई, ओ,और अन्य महत्वपूर्ण मेहमानों को अपने चैनल पर लाने के लिए भी संघर्ष करना पड़ता है। यह भी हो सकता है कि जब वे इन महत्वपूर्ण मेहमानों को चैनल पर लाने में सफल रहे,तो सी,ई, ओ,या मेहमानों को दुबारा साक्षात्कार पर बुलाने के लिए,वे उनसे ऐसे असहज प्रश्न न पूछे,जो निवेशको के निर्देश निर्णय के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।
वित्तीय चैनल "तत्काल"विश्लेषणों पर विश्वास करते है। यदि आप प्रतिस्पर्धा में आगे बने रहने के लिए,किसी समाचार का तत्काल विश्लेषण करने जा रहे है तो आपको वे प्रश्न पूछने ही पूछने है फिर चाहे विश्लेषण या मेहमान कोई भी हो। यदि आप किसी समाचार का विश्लेषण इस आधार पर करते है कि कौनसा विश्लेषक या मेहमान उस समय उपलब्ध है ।बजाय इसके की उस विषय पर सर्वश्रेष्ठ विश्लेषण या मेहमान को आमंत्रित किया जाय तो इसकी प्रबल संभावना है कि विश्लेषण गलत त्रुटिपूर्ण या कमजोर हो।
जब आप किसी समाचार के आधार पर निवेश करते हो तो स्वाभाविक रूप से यह मान लिया जाता है कि आपको भी वही समाचार मिल है,जो अन्यो को। अधिकांशतः,आप कोई समाचार पाने वाले पहले व्यक्ति नही होते। यदि हम यह मान भी ले कि समाचार किसी दूसरे के पास नही गया है तब भी जिसके पास सबसे उन्नत नेटवर्क होगा,उसके पास कुछ मिनटों की बढ़त तो अवश्य ही होगी। इसका सीधा सादा अर्थ यह है कि समाचार पहले ही बाजार में आ चुका है या आप अब अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करने के लिए बहुत देर कर चुके है। यदि समाचार के सार्वजनिक होने के बाद भी शेयर में कोई हलचल नही होती या देर से होती है तो हो सकता है यह व्यक्तिगत निवेशको द्वारा,कम समय के लिए संचालित एक रैली हो जो एक समूह में प्रतिक्रिया देते है।
किसी समाचार पर तत्काल प्रतिक्रिया देने वाले या उसके आधार पर निवेश का निर्णय करने वाले आप पहले व्यक्ति नही हो सकते। इससे आप केवल आवेश में या उतावले में निवेश करेंगे। आपको बाजार पर "बढ़त" लेने के लिए किसी समाचार को विश्लेषित करने की अपनी योग्यता को विकसित करनी होगी। आप उस समाचार को उस ढंग से नही लेंगे जैसे कि दूसरे लेते है। आपको समाचारो के आधार पर निवेश न करने के अनुशासन को भी विकसित करना होगा,बेशक वित्तीय मीडिया किसी समाचार को कितना भी महत्वपूर्ण क्यो न बताएं
नमस्कार दोस्तो मैं प्रेमगेन्द्रे अपने ब्लॉग में 30 दिन में शेयर मार्केट में आपको महान इन्वेस्टर बना देगा इसमें महत्वपूर्ण गोल्डन रूल्स इसे आप अपने इन्वेस्ट में लागू करे धन्यवाद आपका दिन शुभ हो मंगलमय हो
30 days for invester bigginer investing
5th-days://
वित्तीय समाचारो की व्याख्या
वित्तीय समाचारो की व्याख्या करने का हमारा तरीका,हमारे शानदार निवेश और बड़े नुकसानों के बीच का अंतर हो सकता है। निवेश से संबंधित समाचार दिन में 24 घण्टे या सप्ताह के 7 दिन या 365 दिनों नही आते रहते। 24 घण्टे के समाचार के आधार पर निवेश करना ऐसे ही है,जैसे 20 किलोमीटर की मैराथन में दौड़ना। यदि आप मैराथन में तेज शुरुआत करते है तो पूरी संभावना है कि आप मैराथन पूरी नही कर पाएंगे।
आप इस भ्रम में न रहे कि 24 घण्टे चलने वाले ये वित्तीय चैनल,24 घण्टे उत्तेजना पैदा करते रहेंगे। वे न सिर्फ कुछ समाचार देने या उस पर बातचीत करने का कार्य करते है,बल्कि उत्तेजना उतपन्न करने की ओर भी उनका ध्यान रहता है
शेयर बाजार निवेशक के लिए इनमे अधिकतर तो शोर-गुल ही होता है। उदाहरण के लिए,तिमाही परिणाम,नये ऑर्डर, प्रबंधन के साक्षात्कारो और आर्थिक आंकड़ो का निवेश के लिए कोई ज्यादा महत्व नही है। इससे भी अधिक खतरनाक यह बात है कि शेयर बाजार पर महत्वपूर्ण प्रभाव डालने वाले समाचारो को भी, वित्तीय चैनलो द्वारा उतना ही महत्व दिया जाता है,जिससे आप भ्रमित हो सकते है क्योंकि इसी पर आपका शेयर खरीदना या बेचना निर्भर करता है। वित्तीय चैनलो के व्यवसाय में उच्चस्तरीय प्रतिस्पर्धा के चलते,चैनलो को सी,ई, ओ,और अन्य महत्वपूर्ण मेहमानों को अपने चैनल पर लाने के लिए भी संघर्ष करना पड़ता है। यह भी हो सकता है कि जब वे इन महत्वपूर्ण मेहमानों को चैनल पर लाने में सफल रहे,तो सी,ई, ओ,या मेहमानों को दुबारा साक्षात्कार पर बुलाने के लिए,वे उनसे ऐसे असहज प्रश्न न पूछे,जो निवेशको के निर्देश निर्णय के लिए बहुत महत्वपूर्ण है।
वित्तीय चैनल "तत्काल"विश्लेषणों पर विश्वास करते है। यदि आप प्रतिस्पर्धा में आगे बने रहने के लिए,किसी समाचार का तत्काल विश्लेषण करने जा रहे है तो आपको वे प्रश्न पूछने ही पूछने है फिर चाहे विश्लेषण या मेहमान कोई भी हो। यदि आप किसी समाचार का विश्लेषण इस आधार पर करते है कि कौनसा विश्लेषक या मेहमान उस समय उपलब्ध है ।बजाय इसके की उस विषय पर सर्वश्रेष्ठ विश्लेषण या मेहमान को आमंत्रित किया जाय तो इसकी प्रबल संभावना है कि विश्लेषण गलत त्रुटिपूर्ण या कमजोर हो।
जब आप किसी समाचार के आधार पर निवेश करते हो तो स्वाभाविक रूप से यह मान लिया जाता है कि आपको भी वही समाचार मिल है,जो अन्यो को। अधिकांशतः,आप कोई समाचार पाने वाले पहले व्यक्ति नही होते। यदि हम यह मान भी ले कि समाचार किसी दूसरे के पास नही गया है तब भी जिसके पास सबसे उन्नत नेटवर्क होगा,उसके पास कुछ मिनटों की बढ़त तो अवश्य ही होगी। इसका सीधा सादा अर्थ यह है कि समाचार पहले ही बाजार में आ चुका है या आप अब अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करने के लिए बहुत देर कर चुके है। यदि समाचार के सार्वजनिक होने के बाद भी शेयर में कोई हलचल नही होती या देर से होती है तो हो सकता है यह व्यक्तिगत निवेशको द्वारा,कम समय के लिए संचालित एक रैली हो जो एक समूह में प्रतिक्रिया देते है।
किसी समाचार पर तत्काल प्रतिक्रिया देने वाले या उसके आधार पर निवेश का निर्णय करने वाले आप पहले व्यक्ति नही हो सकते। इससे आप केवल आवेश में या उतावले में निवेश करेंगे। आपको बाजार पर "बढ़त" लेने के लिए किसी समाचार को विश्लेषित करने की अपनी योग्यता को विकसित करनी होगी। आप उस समाचार को उस ढंग से नही लेंगे जैसे कि दूसरे लेते है। आपको समाचारो के आधार पर निवेश न करने के अनुशासन को भी विकसित करना होगा,बेशक वित्तीय मीडिया किसी समाचार को कितना भी महत्वपूर्ण क्यो न बताएं
0 comments:
Post a Comment